Thursday, July 21, 2011

शनि की उतरती हुई साढ़ेसाती को अच्छा क्यों माना जाता है?



शनि को न्यायाधिश का पद प्राप्त है। यह हमें हमारे कर्मों का फल प्रदान करता है। जिस व्यक्ति के जैसे कर्म होते हैं उसी के अनुसार उन्हें फल की प्राप्ति होती है। शनि साढ़ेसाती और ढैय्या के समय सबसे अधिक प्रभावी होता है।किसी भी राशि पर शनि देव का अच्छा और बुरा असर साढ़े सात साल तक होता है। इस समय को शनि की साढ़े साती कहा जाता है।

कहा जाता है शनि की साढ़े साती बुरी होती है और इस समय में व्यक्ति परेशान हो जाता है। व्यक्ति के पास कुछ नही बचता। लेकिन ऐसा नही है खत्म होती शनि की साढ़े साती में जातक को शनि देव कुछ न कुछ देकर ही जाते हैं।

शनि की साढ़े-साती वह समय है जब इंसान के अच्छे और बुरे दोनों तरह के कार्यों को परिणाम मिलता है। शनि न्याय के देवता है। साढ़ेसाती की शुरूआत का समय जातक की परिक्षा का समय होता है। शनि जातक को इन साढ़े-सात सालों में सोने से तपाकर कुंदन बनाता है। साढ़े-सात सालों के बाद शनि जाते-जाते कुछ न कुछ देकर ही जाता है। इसीलिए शनि की साढ़ेसाती के अंतिम चरण को बहुत शुभ और अच्छे परिणाम देने वाली माना जाता है।
any body who will try to steal or miss use or blog will be dealt severly acording to law

jyotishachary Varinder Kumar JI 
Shop No 74 New 
Shopping Center Ghumar Mandi
Ludhiana Punjab India
01614656864
09915081311
email: sun_astro37@yahoo.com

 

1 comment: